दिल्ली- रोहिणी के क्राउन प्लाजा होटल में कान्फेडरेशन ऑफ ऐजुकेशन की तरफ से शिक्षा को उत्कृष्ट बनाने के लिए 5वीं संगोष्ठी का आयोजन किया गया।इस संगोष्ठी का मुख्य विषय ‘‘एजुकेशन 2025 स्टूडेंट फर्स्ट‘’ रहा जिसमें मुख्य अतिथि डा- उदित राज (पूर्व आईआरएस) (संसद सदस्य, लोकसभा) मौजूद रहे। इस कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्र से आए काफी गणमान्य लोग भी मौजूद रहे फाउंडेशन आफ वेदिक इण्डिया से अंतरराष्ट्रीय वक्ता राजा जोस ल्यूस अलवेरेज और डेविड लिंच फाउंडेशन (यूएसए) ने आधुनिक शिक्षा प्रणाली के आंतरिक भाग के रूप में प्राचीन शिक्षा और कौशल आधारित शिक्षा की आवश्यकता पर चर्चा करने के लिए इस संगोष्ठी में शिरकत की। एयर वाइस मार्शल अनूप कुमार घोष, वीएसएम (रिटायर्ड), ने भारतीय शिक्षा प्रणाली में मूल्यों की आवश्यकता पर जोर दिया।

प्रशिक्षण से युवाओं में आत्म-विश्वास जगाना 

मुख्य अतिथि ने ऐसी उच्च प्रभावशाली संगोष्ठी, जिसने चुनौतिपूर्ण मिशन को लिया जोकि  हमारे युवा राष्ट्र के लिए आवश्यक व महत्वपूर्ण है और जिसका उद्देश्य छात्रों को जीवन में सफलता के लिए गैर-संज्ञानात्मक कौशल में सशक्त बनाने के लिए विशेषीकृत प्रशिक्षिण माड्यूल प्रदान करन उनमें आत्म-विश्वास जगाना, उन्हें आत्म-निर्भर बनाना और आत्म-वास्तविकीकरण करना था, को आयोजित करने के लिए संघ के प्रयासों की प्रशंसा की। इस सम्मेलन ने शिक्षा के प्राथमिक स्तर से जीवन कौशलों की नींव को मजबूत करने वाली उभरती हुई प्रौद्योगिकियों की आवश्यकता पर प्रकाश डाला और उजागर किया। सुश्री श्रुति अरोड़ा प्रेसिडेंट, कान्फेडरेशन आफ एजुकेशन एक्सीलेंस तथा श्री विवेक दीवान, चैयरमेन, कान्फेडरेशन आफ एजुकेशन एक्सीलेंस ने गणमान्यों की भारी भागीदारी के प्रति अपना आभार व्यक्त किया और सभी पुरस्कार विजेताओं को बधाई दी। इकोन एजुकेशन एवार्ड 2016, में खाड़ी देशों के प्रतिभागियों सहित भारत के प्रत्येक कोने (जम्मू-कश्मीर से लेकर तमिलनाडु तक) से 470 आवेदक सम्मिलित हुए। एक कड़ी चयन प्रक्रिया, उचित मूल्यांकन और स्क्रीनिंग चयन के बाद, पैनल ने इस पुरस्कार के लिए 74 अंतिम प्रतिभागियों को चुना।

कई प्रख्यात वक्ताओं के सत्र आयोजित किए गए

इस शिखर सम्मेलन में उद्योग जगत के प्रख्यात वक्ताओं के ज्ञानवान सत्र आयोजित किये गए। एयर वाइस मार्शल अनूप कुमार घोष, वीएसएम (रिटायर्ड), प्रोफेसर एस.के. काक (पूर्व फाउंडर वाइस चांसलर, महामाया टेक्नीकल युनिवर्सिटी, नोयडा), राजा जोस ल्यूज अल्वर्ज (संरक्षक, फाउंडेशन फार वेदिक इण्डिया, नीदरलैण्ड), अम्बेसडर अनिल त्रिगुनायत (पूर्व अम्बेसडर भारत-जार्डन, लिबिया) जैसे वक्ताओं ने प्रतिभागियों पर प्रभावशाली चिन्ह छोड़ें।

शिक्षा क्षेत्र से सम्बन्धित सरकारी नीतियों एवं योजनाओं की अंतदृष्टि को प्रदान करने के उद्देश्य को मजबूत कर, सीईई कई वर्षों से दिल्ली में राष्ट्रीय संगोष्ठियां आयोजित कर रही है। इन संगोष्ठियां ने प्रतिभागियों एवं संस्थानों को सरकार समर्थित योजनाओं के विस्तार एवं विकास के प्रति विस्तृत समझ प्रदान करने में मदद प्रदान की है।

सूचीबद्ध उपलब्धियों में कुछेक में शामिल

  • 12वीं करने के बाद छात्रों को सुअवसरों को समझने में मदद देने के लिए, दिल्ली के सरकारी विद्यालयों के 3000 से अधिक छात्रों के लिए परामर्श सत्र की सफलतापूर्वक मेजबानी व आयोजन।
  • दिल्ली के सरकारी विद्यालयों के कुछेक अध्यापकों हेतु शिक्षण सीखाने के तरीकों पर विस्तृत प्रशिक्षण।
  • एम्बेसी आफ केज रिपब्लिक के सहयोग से भारत के मुख्य शहरों में यूरोप तथा केज के विश्वविद्यालय प्रतिनिधि दल के लिए शिक्षण सम्मेलनों की श्रृंखलाओं की सह-मेजबानी
  • टीम में अंतरराष्ट्रीय को तैयार करने और युवा खिलाड़ियों को विस्तार के लिए सहयोग करने के लिए, प्रांतीय स्तरों पर अंतरराष्ट्रीय मानक वाले खेल प्रशिक्षण केन्द्रों को विकसित करने के लिए प्रयासों को बढ़ावा दिया जा रहा है।

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